Abhay Tripathi

बनारस, उत्तर प्रदेश

- अभय त्रिपाठी

रामजी के आईल बरात.

रामजी के आईल बरात जनकपुर बाजे बधऽईया,
उनकर लीला बा अपरम्पार जनकपुर बाजे बधऽइया.

राजा जनकजी के चिन्ता हरले, सियाजी के मनवा के मनसा पुरवले.
सब भईयन के कइले बेड़ा पार जनकपुर बाजे बधऽईया.
रामजी के आईल बरात..........

सब नर-नारी पशु-पक्षी प्रानी, हरषि हरषि गुन गावत जानी.
रिषी मुनियन से मिलल आशीर्वाद जनकपुर बाजे बधऽईया.
रामजी के आईल बरात..........

सगरे जनकपुर के राजदुलारी, हो गईली प्रभु राम के प्यारी.
उनकर डोली चलल ससुराल जनकपुर बाजे बधऽईया.
रामजी के आईल बरात..........

रामजी के आईल बरात जनकपुर बाजे बधऽईया,
उनकर लीला बा अपरम्पार जनकपुर बाजे बधऽइया.


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