– जयंती पांडेय

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव अपना राज्य के विधायकन के एमएलए फंड से गाड़ी कीने के औडर दे देहलें त उनका ई औडर से विधायक लोग बड़ा खुस भइल लेकिन बाद में अनासे कहि दिहले कि औडर कैंसिल. अब ऊ लोग के आसा पर पानी पड़ गइल. अब मीडिया चाहे जनता के सामने विधायक लोग चाहे जवन कहो लेकिन सांच त ई ह कि सरकार के ई फैसला से ऊ लोग गदगद रहे. लेकिन फैसला लेहला के चौबीस घंटा क भीतरे ओकरा के पलट दिहल गइल. ई फैसला पलट से विधायक लोग के स्थिति बहुते विचित्र हो गइल. ऊ लोग फैसला रद्द कइला के विरोध में कुछ बोल ना सके काहे कि जनता लागि थूके. लेकिन एह से विधायक लोग के चमचा लोग आ परिवार के लोग आ मेहरारू लोग बड़ा खिसियाइल बा.

यूपी में भला अइसन कवन विधायक होई जेकरा लगे गाड़ी ना होखो. बिना गाड़ी वाला लोग के राजनीति में के पूछेला? अइसन लोग के कवनो पार्टी टिकटो ना दी. जब ई चर्चा उड़ल कि विधायक फंड से गाड़ी कीने के अनुमति मिले वाला बा त कई गो विधायक लोग अपना प्रेमिका के 20 लाख के गाड़ी देवे के वादा क दिहल लोग. कुछ लोग त अपना खास चमचन पर मेहरबानी करे के मन बना लिहल त कुछ लोग अपना सार सारिन के देवे के सोचे लागल. हालांकि कुछ ईमानदार बुजुर्ग विधायक ई सोचे लागल कि चल इहे बेटी के दहेज दिया जाई. लेकिन मामला खाली गाड़ी ले नइखे. मुख्यमंत्री त खाली गाड़ी के मांग मंजूर कइलें. कुछ समय से उनका लगे अर्जी दिहल जात रहे कि एम एल ए फंड से अपना देहिओ पर खर्चा करे के मंजूरी मिलो.

कुछ विधायक लोग त मांग कइले रहल कि एम एल ए फंड से जनता खातिर सार्वजनिक रूप में नाच गाना करवावे के मंजूरी मिलो काहे कि जनता के प्रतिनिधि होला क चलते जनता के मनोरंजनो करवावल उनकर कर्त्तव्य ह आ एकर पइसा एम एल ए फंड से भुगतान कइल जाउ. हर हफ्ता कम से कम दू गो नाच चाहे पचास लोग के सिनेमा देखावे के छूट मिले. कुछ विधायक त एही फंड से विदेश जाए के मंजूरी चाहत रहे लोग. ऊ लोग के मांग रहे कि फारेन टूर जनता के हित में होई, ऊ लोग विदेशी तरक्की आ आचरण के अध्ययन कर अपना क्षेत्र में उपयोग करी लोग. एह से जनता के विकास होई. लेकिन सब पर पानी पड़ गइल.


जयंती पांडेय दिल्ली विश्वविद्यालय से इतिहास में एम.ए. हईं आ कोलकाता, पटना, रांची, भुवनेश्वर से प्रकाशित सन्मार्ग अखबार में भोजपुरी व्यंग्य स्तंभ “लस्टम पस्टम” के नियमित लेखिका हईं. एकरा अलावे कई गो दोसरो पत्र-पत्रिकायन में हिंदी भा अंग्रेजी में आलेख प्रकाशित होत रहेला. बिहार के सिवान जिला के खुदरा गांव के बहू जयंती आजुकाल्हु कोलकाता में रहीलें.

Advertisements

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.