छत्तीसगढ़ी फिलिमन के बादशाहत लिहला क बाद भोजपुरी फिलिमन के रुख कइले प्रकाश अवस्थी के कहना ह कि अभिनय के दायरा बहुते बड़हन होला आ उनुका लगे अबही त पूरा आसमान खुलल बा. त फेर काहे ना आपन उड़ान लगातार बनवले राखसु, छत्तीसगढ़ी सिनेमा में तरह तरह क भूमिका कइला क बाद उनुकर भूख अउरी बढ़ गइल बा. कहलन कि भोजपुरी एगो बड़का कैनवास ह आ शायद एहिजा उनुकर अभिनय जिज्ञासा कुछ हद ले शांत हो सकी. कहलन कि आदमी त भर जिनिगी सीखते रहेला आ उहो अबहीं सीखे में लागल बाड़न,

हिन्दी सिनेमा का बारे में बतियावत प्रकाश अवस्थी कहलन कि ई ख्वाब त हर ऐक्टर देखेला बाकिर ओहिजा चहुपे क राह आसान नइखे. भोजपुरी हिन्दी के बाद हिन्दुस्तान में बड़का प्लेटफार्म ह. अगर एहिजा अपना के साबित कर देखवलें त आगे क राह खुद-ब-खुद बने लागी. भोजपुरी में बदलत प्रतिस्पर्धा पर कहलन कि ई त हमेशा चलत रही आ अपना के इंडस्ट्री में बनवले राखे खातिर लगातार मेहनत करत रहे के पड़ी.

बतौर हीरो अब ले प्रकाश अवस्थी पाँच गो फिलिम में काम कइले बाड़न. भोजपुरी में इनकर पहिला फिलिम रहल “चिंगारी” जवना में भोजपुरी क स्टार एक्ट्रेस रानी चटर्जी नायिका रहली. प्रकाश अवस्थी मोनालिसा संगे “मेहरारू बिन रतिया कइसे कटी”, मोनालिसा अउर कोमल ढिल्लो साथे “लागल बा प्यार के बुखार” में, “टीप टॉप लैला अंगुठा छाप छैला” में शिखा संगे नजर आवे वाला बाड़ें. “मेहरारू बिन रतिया” रिलीज खातिर तइयार बा.


(दिनेश यादव के रपट)

Advertisements